बैगांचल एक्प्रेस, डिंडोरी, 5 अक्टूबर 2025, रविवार को जिला कलेक्ट्रेट में आयोजित प्रेसवार्ता में उपस्थित से पत्रकारों से चर्चा करते हुए नवागत जिला कलेक्टर श्रीमती अंजू पवन भदौरिया ने कहा कि डिंडोरी आदिवासी बहुल जिला है प्राकृतिक संपदा के साथ-साथ यहाँ से नर्मदा नदी भी होकर बहती है। अभी जिले को विकास की बहुत आवश्यकता है।शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी मूलभूत सुविधाओं को बेहतर बनाने का प्रयास किया जाएगा। पेयजल आपूर्ति हर गांव में सुनिश्चित किए जाने के साथ साथ केंद्र और राज्य सरकार की सभी योजनाओं के शत प्रतिशत क्रियान्वयन का प्रयास प्रशासन द्वारा किया जाएगा।

जिला कलेक्टर ने विशेष रूप से ‘धरती आबा अभियान’ का उल्लेख किया। इस अभियान के तहत ऐसे गाँवों पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा जहाँ के लोग अब भी केंद्र या राज्य शासन की योजनाओं से लाभान्वित नहीं हुए हैं। उन्होंने कहा कि उनका मुख्य प्रयास है कि बुनियादी विकास की संरचनाएं बनाई जाएं, जिससे लोगों को आवास, सड़क, बिजली जैसी सुविधाएँ मिलें। इसके अतिरिक्त, वन धन विकास केंद्र की ओर भी ध्यान दिया जाएगा, जिससे लोगों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ा जा सके। जिले में पलायन की बढ़ती समस्या और पानी की समस्या को कलेक्टर ने बड़ी चुनौती बताया। पलायन को रोकने प्रशासन की प्राथमिकता है कि अधिक से अधिक रोज़गार के अवसर जिले में उपलब्ध कराए जाएं। कलेक्टर ने नल-जल योजनाओं को समय पर पूरा करने पर बल दिया।

उन्होंने कहा कि नर्मदा नदी को प्रदूषित होने से रोकने के साथ-साथ, पर्यटन (टूरिज्म) और धर्मस्व विभाग के माध्यम से ऐसे पर्यटन क्षेत्रों को विकसित किया जाएगा जिससे स्थानीय लोगों को रोज़गार मिल सके और पलायन रुके। अंत में, कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि शिक्षा, स्वास्थ्य, और विकास ही उनकी मुख्य प्राथमिकताएँ हैं, और वह यह सुनिश्चित करना चाहती हैं कि इन क्षेत्रों का लाभ जिले के हर नागरिक तक पहुँचे।
उपस्थित सभी पत्रकारों के सुझाव और शिकायतों पर चर्चा की गई। पत्रकारों ने अपने विचार रखे जिन पर प्रशासन स्तर पर उचित कार्यवाही का आश्वासन जिला कलेक्टर द्वारा दिया गया। आयोजित प्रेस वार्ता में जिले के सभी पत्रकार उपस्थित रहे।

