शाहपुर पुलिस की कार्यप्रणाली पर लग रहे आरोप

बैगांचल एक्प्रेस, डिंडौरी, शाहपुर थाना पुलिस की गंभीर लापरवाही सामने आई है, जहां पूछताछ के लिए एक युवक को लाया गया था। जो रविवार की रात पुलिस अभिरक्षा से गायब है। युवक की मां ने पुलिस पर लापरवाही और अनहोनी का आरोप लगाते हुए पुलिस अधीक्षक कार्यालय में शिकायत की है। शिकायत के बाद अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने मामले की जांच कराने की बात कही है।पुलिस अधीक्षक कार्यालय में सिंघिया बाई निवासी ग्राम गोरखपुर के द्वारा की गई शिकायत में उल्लेख किया गया है कि पुत्र उमेष धुर्वे 12 अप्रैल को गांव की ही एक नाबालिक युवती के साथ केरल मजदूरी करने गया था, जिसके बाद पुलिस पूंछतांछ करने महिला के घर पहुंची थी तब मां ने अपने बेटे को फोन के माध्यम से बुलवाया जिसके बाद 2 जून को युवक वापस आ गया था। तब महिला ने विगत शनिवार को अपने पुत्र और नाबालिक युवती को लेकर थाने पहुंची थी, जहां युवती ने पूंछतांछ में पुलिस को बतलाया कि वह अपनी मर्जी से केरल काम करने गई थी। जिसके बाद युवती को घर वापस भेज दिया गया था। लेकिन युवक को अभिरक्षा में ले लिया था। इस दौरान मां युवक से मिलने थाना जाती रही। रविवार की शाम भी वह अपने पुत्र से थाना में ही मुलाकात की, लेकिन रविवार की रात लगभग दस बजे महिला के घर दो पुलिस कर्मी पहुंचे और उन्होंने महिला से पुत्र के आने की जानकारी मांगी। जिसके बाद महिला ने पुत्र के घर नहीं आने की बात कही। और किसी अनहोनी का अंदेशा जाहिर करते हुये, पुलिस कर्मियों से पूंछतांछ करने लगी लेकिन पुलिस कर्मियों ने कोई माकूल जवाब नहीं दिया और वापस लौट गये।

जिसके बाद सोमवार की सुबह महिला थाना पहुंची जहां पुत्र की मोटर साईकिल खडी हुई थी लेकिन पुत्र गायब था। तब महिला ने अनहोनी का अंदेशा जताते हुये अपने परिचितों से इस बावद बतलाया और पुलिस अधीक्षक कार्यालय आकर अपने पुत्र की पुलिस अभिरक्षा से गायब होने की शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत दर्ज कराने के दौरान महिला ने आरोप लगाया कि उसके पुत्र को छोडने के लिए 30 हजार रूपये की भी मांग की गई थी। हालांकि अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ने पूरे मामले की जांच कर कार्रवाई का भरोसा दिया है। पुलिस द्वारा उक्त युवक को युवती के बयानों के बाद भी पुलिस अभिरक्षा में रखे जाने। पर सवाल उठ रहे है वही थाने से युवक के गायब होने और मोटर साइकिल, मोबाइल के थाने में मौजूद होना संदिग्ध स्थितियों का संकेत है। जिसकी तत्काल जांच कराकर जिम्मेदारों पर कार्यवाही की जानी चाहिए।
शाहपुर पुलिस की कार्यप्रणाली पर उठ रहे सवाल
सूत्रों की माने तो शाहपुर थाने में कानून की अनदेखी कर मनमानी कार्यवाही की जाती रही है। विगत दिनों छिदगांव से दो युवकों को पुलिस द्वारा थाने में बिठाकर रखा गया जिसमें एक नाबलिक भी शामिल था जिन पर पुलिस कर्मी की बाइक से छेड़छाड़ का आरोप लगाया गया था, परिजनों के शोरशराबे के बाद उन युवकों को बिना किसी मामले के छोड़ दिया गया। इस तरह लोगों को उठाकर जबरन उगाही के आरोप है।
